राष्ट्रीय महिला आयोग ने शुरू किया मानव तस्करी रोधी प्रकोष्ठ, जानिए क्या है इसका मकसद

 

कानून प्रवर्तन एजेंसियों की बढ़ाई जाएगी जवाबदेही

महिला एवं बाल विकास मंत्रालय द्वारा जारी विज्ञप्ति के अनुसार इस प्रकोष्ठ की स्थापना कानून प्रवर्तन अधिकारियों के बीच जागरूकता बढ़ाने और क्षमता निर्माण में मदद करने के उद्देश्य से की गई है। मानव तस्करी का मुकाबला करने के लिए कई तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम किए जाएंगे।

नई दिल्ली एएनआइ। राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) ने शनिवार को मानव तस्करी रोधी प्रकोष्ठ शुरू किया। इसका मकसद मानव तस्करी के मामलों से और अधिक प्रभावी तरीके से निपटने के साथ महिलाओं और लड़कियों के बीच जागरूकता फैलाना है। इसके जरिये कानून प्रवर्तन एजेंसियों की जवाबदेही भी बढ़ाई जाएगी।

यह प्रकोष्ठ क्षेत्रीय, राज्य और जिला स्तरों पर करेगा काम

महिला एवं बाल विकास मंत्रालय द्वारा जारी विज्ञप्ति के अनुसार, प्रकोष्ठ की स्थापना कानून प्रवर्तन अधिकारियों के बीच जागरूकता बढ़ाने और क्षमता निर्माण में मदद करने के उद्देश्य से की गई है। यह प्रकोष्ठ क्षेत्रीय, राज्य और जिला स्तरों पर पुलिस अधिकारियों और अभियोजकों के लिए मानव तस्करी का मुकाबला करने के लिए कार्यशालाओं का आयोजन करेगा।

यह प्रकोष्ठ निगरानी तंत्र में करेगा सुधार

आयोग को प्राप्त मानव तस्करी से संबंधित शिकायतों का समाधान इसी प्रकोष्ठ द्वारा किया जाएगा। इसके साथ ही यह प्रकोष्ठ निगरानी तंत्र में सुधार करेगा और पीड़ितों की तस्करी और पुनर्वास की रोकथाम के लिए अपनाए जा रहे उपायों के संबंध में सरकारी एजेंसियों को प्रोत्साहित करेगा।

मानव तस्करी से बचाए गए लोगों के जीवन के पुनर्निर्माण में यह प्रकोष्ठ करेगा मदद

यह प्रकोष्ठ मानव तस्करी से बचाए गए लोगों को आवश्यकता आधारित प्रशिक्षण प्रदान करके और उनके घावों को फिर से हरा होने से रोकने के उद्देश्य से उनके लिए क्षमता निर्माण कार्यक्रम आयोजित करके उनके जीवन के पुनर्निर्माण में मदद करेगा।

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य में हुए कार्यक्रम में एनसीडब्ल्यू की अध्यक्ष रहीं मौजूद

बता दें कि आठ मार्च को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य में दिल्ली विश्वविद्यालय में नान कालेजिएट महिला शिक्षा बोर्ड और शैक्षिक फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा, दिल्ली विश्व विद्यालय की प्राक्टर रजनी अब्बी और डीयू के विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. योगेश सिंह समेत कई जाने मानी हस्तियां मौजूद रहीं।