कांग्रेस का आरोप- महंगाई पर चर्चा के डर से सरकार ने तय समय से पहले खत्म किया बजट सत्र, केंद्रीय मंत्री ने बताई 'सच्चाई'

 

बजट सत्र 2022: कांग्रेस का केंद्र पर निशाना, भाजपा का जवाब

Budget Session 2022 संसद के बजट सत्र का तय समय से पहले समापन हो गया है। इस मुद्दे पर कांग्रेस और भाजपा नेताओं में आरोप-प्रत्यारोप शुरू हो गया है। वहीं कांग्रेस के आरोपों का केंद्रीय मंत्री ने जवाब दिया है।

नई दिल्ली, पीटीआइ। महंगाई के मुद्दे पर विपक्षी दल कांग्रेस, भाजपा पर लगातार हमलावर है। संसद के बजट सत्र का तय समय से पहले समापन होने पर कांग्रेस ने भाजपा को आड़े हाथ लिया है। कांग्रेस ने इसको लेकर सवाल उठाए हैं। कांग्रेस ने कहा कि ईंधन की बढ़ती कीमतों और महंगाई पर चर्चा से सरकार दूर भाग रही है। वहीं, कांग्रेस के आरोपों पर केंद्र सरकार ने सफाई दी है।

केंद्र सरकार ने लोकसभा और राज्यसभा की व्यापार सलाहकार समिति (बीएसी) की बैठक के दौरान बढ़ती कीमतों पर चर्चा के लिए समय दिया था, लेकिन कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने आरोप लगाया कि सरकार ने इसकी अनुमति न देकर प्रतिबद्धता का उल्लंघन किया है। कांग्रेस नेता ने कहा, 'सदन के कामकाज का संचालन करना सरकार पर निर्भर है। बीएसी में चर्चा के लिए सयम ना देकर सरकार अपने वादे से मुकर गई है।'

महंगाई के खिलाफ सड़कों पर उठाएंगे आवाज- खड़गे

वहीं, राज्यसभा में नेता विपक्ष मल्लिकार्जुन खड़ने ने कहा कि कांग्रेस महंगाई के खिलाफ लगातार सड़कों पर आवाज उठाती रहेगी। उन्होंने कहा कि संसद में शुक्रवार तक का एजेंडा दिया गया था, लेकिन इसके बावजूद बजट सत्र का पहले ही समापन कर दिया गया। सरकार ना तो गरीबों, बेरोजगारों और किसानों की समस्याओं को हल करने के लिए इच्छुक है और ना ही चर्चा के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि सरकार का विश्वसनीयता सूचकांक सवालों के घेरे में है।

राज्यसभा में कांग्रेस के मुख्य व्हिप जयराम रमेश ने कहा कि राज्यसभा में बीएसी ने कई विधेयकों के लिए समय आवंटित किया और विपक्ष चर्चा के लिए तैयार था। हमें बुधवार को पता चला कि सदन अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दिया जाएगा। उन्होंने आगे कहा कि सरकार ने सदन स्थगित कर दो दिन बर्बाद कर दिए हैं। ये सरकार की नाकामी है।

केंद्रीय मंत्री की सफाई

बजट सत्र को तय समय से पहले संपन्न करने को लेकर केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने बयान दिया है। प्रह्लाद जोशी ने कहा कि विपक्ष ने राज्यसभा में बीएसी से 7 अप्रैल को सदन को स्थगित करने का अनुरोध किया। मैंने उनसे राज्यसभा के सभापति के सामने पूछा था और वे सभी रामनवमी और अन्य त्योहारों के कारण 7 अप्रैल को सदन को स्थगित करने पर सहमत हुए थे।