ड्रग्स तस्करी के आरोप में गिरफ्तार हुआ सेना का बर्खास्त सिपाही, जानें अन्य डिटेल

 

वित्तीय घोटाले में जेल में रहने के दौरान बर्खास्त सिपाही की ड्रग्स तस्कर से हुई थी मुलाकात।

तस्कर का नाम राजेश गुप्ता है। वह उत्तर प्रदेश के कप्तानगंज कुशीनगर का रहने वाला है। 1994 में वह सेना में बतौर सिपाही भर्ती हुआ था। वहां उसे 12 साल नौकरी की। 2006 में वित्तीय घोटाले में उसे भारतीय सेना द्वारा कोर्ट मार्शल और बर्खास्त कर दिया गया था

नई दिल्ली, संवाददाता। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने ड्रग्स तस्करी के आरोप में सेना के एक बर्खास्त सिपाही को गिरफ्तार किया है। कोर्ट मार्शल व बर्खास्त कर देने के बाद वित्तीय घोटाले में आरोपित को जेल भेज दिया गया था वहीं पर उसकी एक कुख्यात ड्रग्स तस्कर से हुई थी। जेल से बाहर आने के बाद उसने तस्करी का धंधा शुरू कर दिया था।

आरोपित मणिपुर से हेरोइन लाकर उसे दिल्ली-एनसीआर में आपूर्ति करने का धंधा कर रहा था। इसके पास से पांच किलो हेरोइन के अलावा तस्करी में इस्तेमाल सिमकार्ड व मोबाइल जब्त कर लिया गया है। सेल का दावा है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में बरामद हेरोइन की कीमत 20 करोड़ हो सकती है।

डीसीपी राजीव रंजन सिंह के मुताबिक गिरफ्तार किए गए तस्कर का नाम राजेश गुप्ता है। वह उत्तर प्रदेश के कप्तानगंज, कुशीनगर का रहने वाला है। 1994 में वह सेना में बतौर सिपाही भर्ती हुआ था। वहां उसे 12 साल नौकरी की। 2006 में वित्तीय घोटाले में उसे भारतीय सेना द्वारा कोर्ट मार्शल और बर्खास्त कर दिया गया था और कोहिमा में सिविल जेल में डाल दिया गया था। जेल में उसकी मुलाकात कुख्यात ड्रग्स तस्कर सुशील से हुई थी।

उसने इसे मादक पदार्थों की तस्करी में साथ काम करने का लालच दिया। इसके बाद उसने मणिपुर के ड्रग सप्लायर्स से हेरोइन खरीदकर दिल्ली एसीआर में आपूर्ति करना शुरू कर दिया था। पूछताछ में इसने एक अंतरराज्यीय मादक सिंडिकेट का हिस्सा होने की बात कुबूली और छह सालों से अवैध गतिविधि लिप्त होने बात कही। वह मणिपुर के लिमनथांग से हेरोइन लाता था।

नौ मई को इंस्पेक्टर विवेकानंद पाठक व कुलदीप सिंह की टीम को सूचना मिली कि राजेश गुप्ता नाम का तस्कर जो नशीले पदार्थों की तस्करी में लिप्त है। वह बरेली के रहने वाले शिवम और पंकज के निर्देश पर दिल्ली एनसीआर में हेरोइन की आपूर्ति में लगा हुआ है। वह दिल्ली के ट्रांस यमुना निवासी एक तस्कर को हेरोइन की आपूर्ति करने गांधी मार्केट, डीडीयू मार्ग के पास से उसे दबोच लिया गया।